बीकानेर की झीलें →Lakes of Bikaner Kolayat Lake Gajner Lake
कोलायत झील –
यह झील कोलायत नामक स्थान पर है। इसे ‘शुष्क मरुस्थल का सुंदर उद्यान’ कहते हैं। इस झील के किनारे पर सांख्य दर्शन के प्रणेता कपिलमुनि का आश्रम है।जिसे मारवाड़ का सुन्दर मरु उद्यान कहते हैं। प्राचीन मान्यता के अनुसार कपिलमुनि ने अपनी माता की मुक्ति के लिए यहाँ से ‘पाताल गंगा’ निकाली जिसे वर्तमान में कपिल सरोवर कहते हैं। यहाँ पर कार्तिक पूर्णिमा को मेला लगता है। इस अवसर पर इस झील में दीपदान करने की धारणा है। करणी माता का दत्तक पुत्र लखन (गोद लिया हुआ) इस झील में डूब गया था इसके कारण चारण जाति के लोग आज भी यहाँ नहीं जाते हैं।
गजनेर झील –
यह गजनेर अभयारण में स्थित है। इस झील को ‘पानी का शुद्ध दर्पण’ भी कहते हैं। बीकानेर में स्थित गजनेर अभयारण जंगली तीतरों के लिए प्रसिद्ध है।
अन्य झीलें –
अनूपसागर,
सूरसागर।
इंदिरा गाँधी नहर की चार लिफ्ट नहरें बीकानेर में है- बांगड़सर लिफ्ट नहर (वीर तेजाजी), गजनेर (पन्नालाल बारूपाल), कोलायत (करणीसिंह), लूणकरणसर (कंवर सेन)।
कंवरसेन लिफ्ट नहर बीकानेर की जीवन रेखा कहलाती है।